साल 2020 तक बिहार का हर गांव स्मार्ट बन जायेगा

विधानसभा में बुधवार को ग्रामीण विकास विभाग के अनुपूरक पर उत्तर देते हुए ग्रामीण विकास विभाग के मंत्री श्रवण कुमार ने कहा कि साल 2020 तक बिहार का हर गांव स्मार्ट बन जायेगा. राज्य में खुले में शौच के कारण कैंसर, डायरिया आदि गंभीर बीमारियों से प्रतिवर्ष 15 लाख लोग बीमार हो रहे हैं.
अशुद्ध पानी से भी लोग बीमार हो रहे हैं. सदन में सरकार का जवाब एवं सरकार की ओर से उत्तर को विपक्षी सदस्य क्यों नहीं सुनना चाहते हैं. पता नहीं क्या कारण है? सरकार विपक्ष के प्रति सकारात्मक सोच रखती है. मंत्री ने सदन को बताया कि राज्य के 16 जिलों में 1250 अत्यंत गरीब परिवारों की पहचान कर ली गयी है.
जीविका के माध्यम से सर्वे का कार्य अभी जारी है. सूखा को देखते हुए सभी पुनरुद्धार कार्यों को 15 अक्टूबर तक जारी रखने के आदेश दिये गये हैं. इसमें कम से कम 5000 कार्य पूरे किये जायेंगे. सभी पंचायतों में काम मांगने वाले 100 प्रतिशत मजदूरों को मनरेगा में काम दिया जायेगा. प्रति पंचायत प्रतिदिन कम से कम 40 मानव दिवस सृजित किये जायेंगे. प्रति जाॅबकार्डधारी परिवार को 150 मानव दिवस का रोजगार दिया जायेगा.
अधूरे मकानों को पूरा करने को चलेगा अभियान 
ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार ने विधानसभा में कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के स्वीकृत तीन लाख आवासों के पूरा कराने के लिए विशेष अभियान चलेगा. विभाग ने इस संबंध में 26 जून को ही निर्देश जारी कर दिया है.
लाभुक आवासों का निर्माण समय पर पूरा करें इसके लिए ग्रामीण आवास सहायक व ग्रामीण आवास पर्यवेक्षक कार्यरत हैं. मंत्री भाजपा विधायक मिथिलेश तिवारी के अल्पसूचित प्रश्न का जवाब दे रहे थे. श्रवण कुमार ने सदन को बताया कि 2012-13 से 2015-16 तक  की अवधि में आवंटित 1802633 आवासों में से  अब तक 1210119 आवास को पूरा किया गया है.
592514 आवास निर्माणाधीन हैं. निर्माणाधीन आवासों को पूरा कराने के लिए विभाग प्रयत्नशील है. उन्होंने सदन को बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत अबतक 687274 आवासों की स्वीकृति प्रदान की गयी है.

[jetpack_subscription_form title="Subscribe to Marginalised.in" subscribe_text=" Enter your email address to subscribe and receive notifications of Latest news updates by email."]

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.