ब्रह्माण्ड में हमारी सोच से ज्यादा ग्रहों पर जीवन संभव है

वॉशिंगटन: अब तक जितने ग्रहों को रहने लायक समझा गया था ब्रह्मांड में उससे कहीं ज्यादा ऐसे ग्रह हैं जिनपर जीवन संभव है. एक नए अध्ययन में ऐसा दावा किया गया है. अमेरिका के पेनसिल्वानिया स्टेट यूनिवर्सिटी के भूवैज्ञानिकों ने सुझाया है कि जीवन की माकूल स्थितियों के लिए लंबे समय तक जरूरी मानी गईं टेक्टॉनिक प्लेटें असल में आवश्यक नहीं हैं.

रहने लायक ग्रहों या अन्य ग्रहों पर जीवन की तलाश के वक्त वैज्ञानिकों ने वायुमंडलीय में कार्बन डायऑक्साइड के तत्वों को परखा. धरती पर वायुमंडलीय कार्बन डायऑक्साइड ग्रीनहाउस प्रभाव के माध्यम से सतह के ताप को बढ़ाता है. यूनिवर्सिटी में भूविज्ञान के सहायक प्राध्यापक ब्रैडफोर्ड फोली ने कहा, ‘ज्वालामुखीय घटनाएं वायुमंडल में गैस स्रावित करती हैं और फिर चट्टानों की टूट-फूट के जरिए वायुमंडल से कार्बन डायऑक्साइड खींची जाती है और जो बाद में अलग-अलग सतही चट्टानों और तलछट तक पहुंचती है.’

फोली ने बताया, ‘इन दोनों प्रक्रियाओं के संतुलन से वायुमंडल में कार्बन डायआक्साइड एक निश्चित स्तर पर रहता है जो मौसम को संयमित रखने और जीवन के अनुकूल बनाने के लिए जरूरी है.’ अनुसंधानकर्ताओं ने पाया कि जिन ग्रहों में टेक्टॉनिक प्लेटें नहीं हैं वहां भी लंबे अरसे तक जीवन संभव है. यह अध्ययन एस्ट्रोबायॉलजी पत्रिका में प्रकाशित हुआ है.

#Global Hand washing Day: हाथ सही तरीके से धोने पर जोर दें


[jetpack_subscription_form title="Subscribe to Marginalised.in" subscribe_text=" Enter your email address to subscribe and receive notifications of Latest news updates by email."]

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.